शनिवार के दिन करें गए ये काम अनजाने ही करदेंगे कंगाली को आमंत्रित;भूलकर भी न करें..!!!

शनिवार का दिन शनिदेव का होता है शनिदेव की बात की जाए तो नवग्रहों में शनि ऐसे ग्रह हैं, जिनसे लोग भय खाते हैं,ऐसा इसलिए है क्योंकि वे न्यायप्रिय है और कर्म फल दाता भी है व्यक्ति को उनके कर्मों के अनुसार फल देते है । शनिवार के दिन सुबह से ही गली मोहल्ले और चौराहों पर शनि के

कर्म फल दाता शनिदेव
कर्म फल दाता शनिदेव

नाम का दान मांगने वाले बहुत सारे याचक मिल जाते हैं और लोग उन्हें दान देते भी है। शाम को शनि मंदिर के बाहर शनि दर्शन के लिए लंबी कतारें देखने को मिलती हैं। हर व्यक्ति की कोशिश होती है, शनिदेवी अपनी कृपा दृष्टि बनाए रखें। आज हम बात कर रहें है दान के साथ साथ कुछ ऐसे काम

भी हैं जो शनिदेव को अच्छे नहीं लगते है और व्यक्ति अगर खासकर शनिवार के दिन ये काम करें तो शनिदेव रुष्ट हो सकते है , इसलिए शनिवार को उन कामों को करने से बचें।तो आइये जानते है वे काम:

शनिवार को जूते-चप्पल न खरीदें
शनिवार को जूते-चप्पल न खरीदें

शनिवार को न करें ये काम

  • शनिवार को जूते-चप्पल नहीं लेना चाहिए (काले रंग के फुटवियर) माना जाता है इस दिन लिया गया फुटवियर या तो घूम जाता है या चोरी हो जाता है ।
शनिवार को लोहा न खरीदें
शनिवार को लोहा न खरीदें
  • लोहा और उससे बनी कोई भी वस्तु न खरीदें यह अशुभ होता है।
  • नमक न खरीदें, अन्यथा कंगाली कभी पीछा नहीं छोड़ेगी।
शनिवार को नमक न खरीदें
शनिवार को नमक न खरीदें
  • सरसों का तेल, लकड़ी और काली उड़द का दान करने से शनि प्रसन्न होते हैं लेकिन उसे खरीद कर घर लाने से नाराज होते हैं।
  • शिक्षण क्षेत्र से जुड़ी कोई भी सामग्री जैसे कागज, पेन, कॉपी और इंक पॉट आदि न खरीदें।

  • दूध न पीएं।
  • मांस मदिरा का सेवन न करें।
  • दाड़ी व बाल न कटवाएं।
शनिवार को बाल न कटवाएं
शनिवार को बाल न कटवाएं
  • शनिदेव के दर्शन करते समय उनकी आंखों को न देखें, ऐसा करना उनका अपमान जैसा हो सकता है ।
  • दक्षिण, पश्चिम व दक्षिण-पश्चिम दिशा की यात्रा न करें।

 

॥ जय शनिदेव ॥

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